Jyotish Zone

मंगल तीसरा भाव में

Sahaj Bhavभाई-बहन, साहस, संवाद

शुभ फल

जातक पराक्रमी, प्रतापी, गुणी, सुखी व ऐश्वर्यशाली होता है। वह शूर व अजेय होता है। कोई उसे दबा नहीं सकता। संसार में विख्यात होता है। विनम्र स्वभाव होने पर दिन-प्रतिदिन तरक्की करता है। जातक अपने बाहुबल से धन अर्जित करता है। उसका घर, धन, रत्न आदि से भरा होता है। वह युद्ध कुशल होता है। राज्य व सरकार की कृपा उस पर बनी रहती है। जातक के भाई हो, तो परिवार को समृद्ध बनाता है। प्रायः हर किसी की इच्छा पूरी करने को तैयार, वह किसी पर अन्याय होने नहीं दे सकता और दुष्टों का दमन करता है। उसका ससुराल पक्ष भी धनी होता है।

अशुभ फल

जातक नाटकबाज, वादा न निभाने वाला व मनहूस होता है। वह विलासी होता है। उसकी पत्नी भी कामुक होती है और चरित्रहीन भी हो सकती है। कई बार उसे घर का सुख प्राय: नसीब नहीं होता। जातक को चोट आदि लगने से हड्डी टूट जाती है। विष या अग्नि से कष्ट भोगता है। उसकी मृत्यु बीमारी या ऋण से तंग आकर होती है। यह मंगल जातक के भाइयों के लिए प्राय: अशुभ फल देता है। उनसे सुख भी नहीं मिलता। कई बार संपत्ति आदि के बंटवारे में भी उनसे झगड़ा हो जाता है। जातक के पुत्रों की भी उत्तम हालत नहीं होती।

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